ऐतबार

उसने झूठ भी बोला था बड़े सलीके से सच्च पता था, फिर भी ऐतबार किया

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Jane Bhi Do

उसकी बेवफाई पे उसको माफ़ कर जिक्र भी मत कर, नजरअंदाज कर ना जाने कितने रिस्ते खो दोगे उसे याद कर दिल से उसे साफ कर, चल अब माफ़ कर Jo chla gya Chlo ab use jane bhi do Uski yado ko Kisi kone me dafna bhi do ! Hoga tumhara to To lot bhi... Continue Reading →

गुरुर

उन्हें ना जाने क्या गुरुर रहता है हमारे हजारों चाहने वाले हैं पर हमें वो चाहिए उसकी आँखों में हमने पढ़ा ही नहीं उसे हम चाहिए या फ़ितूर चहिये हो सकता है हो वो गज़ब के हसिन पर हमको लगा हैं बस अजनबी अजनबी की महफ़िल में बैठ के भी खुदा से दुआ में दुआ... Continue Reading →

त्याग

त्याग दी ख्वाहिश उसने कुछ करने के लिए जैसे राम ने सब खोया था "श्री राम" बनने के लिए आरजु ओर दुआ सब छुपा के बैठे हैं खुद में वनवास काटना है उन्हें भी मग़र खुद के लिए मुझे समझ कर भी उन्होंने नजरअंदाज कर दिया जैसे लक्ष्मण ने किया था उर्मिला को कुछ पल... Continue Reading →

Anjaan

Ummide chod kr humne likhne ki kbhi suruat ki thi Ki unko aaj bhi malum hai ye lafj unke hain Humare kisse me khani me jo sakhs rhta hai Vo anjaan itna na jitna anjaan banta hai #SuDhi SuDhi

ख़ुदा

मुझे हर दुःख की "दवा" चाहिए दुआ है दुआ में खुदा चाहिए बड़ी सिद्दत से पाला है मुझे उस ख़ुदा के लिए भी दुआ चाहिए मेरी आँखों में मुझको माँ पढ़ लेती है किताबें थी जिसने पढ़ी ही नहीं मेरे लफ्ज़ो से पहले पिता से मिला सब मुझे ओर कहूं मैं की मुझे समझा ही... Continue Reading →

तुम बदले थे, हम संभले थे

तेरा आना भी जरूरी था ओर जाना भी लाज़मी था भला इश्क़ है क्या दुनिया मे समझाना भी लाज़मी था ना तो ग़लती थी तेरी ना ग़लत तब मैं थी तेरा सताना भी जरूरी था तड़पाना भी लाज़मी था मेरी रूह के एक हिस्से को चुराना भी लाज़मी था मैं रोई थी, की खोई थी... Continue Reading →

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